दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से बेहद चिंताजनक मामला सामने आया है। पंचशील नगर स्थित शासकीय चंद्रशेखर आजाद उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में एक छात्र ने अपने ही सहपाठियों को चॉकलेट बताकर संदिग्ध नशीली गोलियां खिला दीं। गोलियां खाने के कुछ ही देर बाद 8 छात्रों की तबीयत अचानक बिगड़ गई। सभी को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां एक छात्र की हालत गंभीर होने पर उसे ICU में भर्ती किया गया है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कक्षा 10वीं के एक छात्र ने अपने साथियों को गोलियां यह कहकर दीं कि वे चॉकलेट हैं। बच्चों ने बिना किसी संदेह के उन्हें खा लिया। कुछ ही मिनटों में कई छात्रों को चक्कर आने लगे, वे बेहोश होने लगे और शरीर में अकड़न की शिकायत होने लगी। स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और शिक्षकों ने तत्काल सभी छात्रों को अस्पताल पहुंचाया।
डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद 4 छात्रों को छुट्टी दे दी, जबकि 4 बच्चों का इलाज जारी है। इनमें से एक छात्र की हालत गंभीर बताई जा रही है और उसे ICU में चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है।
घटना के बाद अभिभावकों में भारी आक्रोश है। उनका आरोप है कि स्कूल परिसर में प्रतिबंधित नशीली गोलियां कैसे पहुंचीं, इसकी गंभीर जांच होनी चाहिए। कई परिजन पुलिस में शिकायत दर्ज कराने की तैयारी कर रहे हैं।
स्कूल की कार्यवाहक प्राचार्य नलिनी वर्मा ने बताया कि शुरुआती जांच में स्कूल के ही एक छात्र द्वारा गोलियां बांटने की बात सामने आई है। आरोपी छात्र का कहना है कि उसे स्वयं भी यह जानकारी नहीं थी कि गोलियां नशीली और इतनी खतरनाक हैं। स्कूल प्रशासन ने पूरे मामले की रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंप दी है।
घटना ने राजनीतिक हलकों में भी हलचल मचा दी है। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने मामले को बेहद गंभीर बताते हुए राज्य सरकार से नशीली दवाओं के नेटवर्क के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस और प्रशासन मामले की जांच में जुटे हैं तथा यह पता लगाया जा रहा है कि प्रतिबंधित गोलियां छात्र तक कैसे पहुंचीं।



