रायपुर / छत्तीसगढ़ शासन की रामलला अयोध्या धाम दर्शन योजना प्रदेश के श्रद्धालुओं के लिए आस्था के केंद्रों तक पहुंचने का सहज और सुविधाजनक माध्यम बन रही है। कबीरधाम जिले के ग्राम बबई निवासी डोमन साहू और उनकी पत्नी पार्वती साहू के लिए यह यात्रा केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि वर्षों से मन में संजोए एक सपने के साकार होने का अवसर बनी।
डोमन साहू बताते हैं कि प्रभु राम के दर्शन की इच्छा उनके मन में लंबे समय से थी। परिवार की आर्थिक एवं अन्य परिस्थितियों के कारण वे अयोध्या धाम जाकर रामलला के दर्शन नहीं कर पा रहे थे। ऐसे में छत्तीसगढ़ शासन की रामलला अयोध्या धाम दर्शन योजना उनके लिए आशा और अवसर लेकर आई। योजना के माध्यम से उन्हें अपनी पत्नी पार्वती साहू के साथ अयोध्या धाम जाने और प्रभु रामलला के दर्शन करने का सौभाग्य मिला। साथ ही उन्होंने काशी विश्वनाथ मंदिर में बाबा विश्वनाथ के दर्शन भी किए।
डोमन साहू ने कहा कि वर्षों से मन में रामलला के दर्शन की इच्छा थी। जब पत्नी के साथ अयोध्या धाम पहुंचकर प्रभु रामलला के दर्शन किए तो मन भावुक हो गया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार की इस योजना ने उनके जैसे सामान्य परिवारों के लिए तीर्थयात्रा को आसान बनाया है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आज अयोध्या में भव्य राम मंदिर में रामलला के दर्शन का अवसर मिलना उनके लिए अत्यंत भावुक और अविस्मरणीय अनुभव है।
22 जनवरी 2024 को अयोध्या में नवनिर्मित राम जन्मभूमि मंदिर में रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा का ऐतिहासिक आयोजन हुआ था। इस ऐतिहासिक अवसर के बाद अयोध्या धाम में रामलला के दर्शन के लिए देशभर से श्रद्धालुओं का निरंतर आगमन हो रहा है। इसी आस्था को छत्तीसगढ़ शासन की रामलला अयोध्या धाम दर्शन योजना श्रद्धालुओं के लिए यात्रा की सुविधाओं से जोड़ रही है।
श्रद्धालुओं को कवर्धा से दुर्ग रेलवे स्टेशन तक निःशुल्क बस सुविधा उपलब्ध कराई गई। इसके बाद विशेष ट्रेन से उन्हें काशी एवं अयोध्या धाम ले जाया गया। पूरी यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के लिए भोजन, नाश्ता और चाय की व्यवस्था के साथ स्वास्थ्य सुविधा के लिए चिकित्सकीय दल की व्यवस्था भी की गई।
श्रद्धालुओं ने काशी विश्वनाथ मंदिर में बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने के साथ अयोध्या धाम पहुंचकर रामलला के दर्शन किए। लंबे समय से तीर्थयात्रा की इच्छा रखने वाले अनेक श्रद्धालुओं के लिए यह यात्रा आस्था, श्रद्धा और आत्मिक संतोष का अनुभव लेकर आई।
डोमन साहू और पार्वती साहू की कहानी इस बात की एक झलक है कि जब धार्मिक आस्था से जुड़ी यात्रा में परिवहन, भोजन और स्वास्थ्य जैसी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों, तो सामान्य परिवार भी अपने वर्षों पुराने तीर्थदर्शन के सपने को पूरा कर सकते हैं। श्री रामलला अयोध्या धाम दर्शन योजना इसी उद्देश्य से श्रद्धालुओं को व्यवस्थित रूप से अयोध्या धाम और काशी की यात्रा का अवसर प्रदान कर रही है।
डोमन साहू दंपती के लिए अयोध्या की यह यात्रा अब उनके जीवन की ऐसी स्मृति बन गई है, जिसे वे लंबे समय तक संजोकर रखेंगे। वर्षों से मन में बसे रामलला के दर्शन का सपना जब अपनी पत्नी के साथ पूरा हुआ, तो उनके लिए यह यात्रा आस्था के साथ-साथ जीवन के एक अधूरे संकल्प के पूर्ण होने का भावुक अवसर भी बन गई।



