पेंड्रा। छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले से सरकारी कर्मचारी पर हमले का गंभीर मामला सामने आया है। पेंड्रा थाना क्षेत्र के लाटा परिसर में ड्यूटी के दौरान एक महिला वन रक्षक के साथ कथित रूप से मारपीट की गई, उनकी शासकीय वर्दी फाड़ दी गई और जान से मारने की धमकी भी दी गई। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर एक ही परिवार के तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, 10 जून 2026 की सुबह करीब 9 बजे महिला वन रक्षक गिरिजा कंवर सुरक्षा श्रमिकों के साथ कक्ष क्रमांक 2350 में नियमित गश्त पर थीं। इसी दौरान उन्हें जंगल के समीप स्थित एक घर के आंगन में सागौन की बल्लियां दिखाई दीं। लकड़ी के संबंध में पूछताछ करने के लिए जब वह घर पहुंचीं, तो वहां मौजूद लोगों से विवाद हो गया।
आरोप है कि विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने महिला वन रक्षक के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की। इस दौरान उन्हें जमीन पर पटक दिया गया, जिससे उनकी शासकीय वर्दी फट गई। शिकायत में यह भी कहा गया है कि एक महिला आरोपी ने उन्हें भविष्य में जंगल में अकेले मिलने पर जान से मारने की धमकी दी।
घटना के बाद महिला वन रक्षक ने पेंड्रा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी इतवारू भैना, उसकी पत्नी सुमित्रा और सास दयावती के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज किया है।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।



