रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बुधवार को रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय से वर्चुअल माध्यम से बलरामपुर जिले के ग्राम चिरई-जसवंतपुर में पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय लरंग साय की प्रतिमा का अनावरण किया। इस अवसर पर उन्होंने बलरामपुर जिले को 202 करोड़ 65 लाख रुपये के 2,009 विकास कार्यों की सौगात दी। इनमें 156 करोड़ 68 लाख रुपये के 1,863 कार्यों का भूमिपूजन और 45 करोड़ 97 लाख रुपये के 146 पूर्ण कार्यों का लोकार्पण शामिल है।
मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय लरंग साय को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनका जीवन जनसेवा, जनजातीय समाज के उत्थान और सरगुजा अंचल के विकास के लिए समर्पित रहा। विधायक, सांसद और मंत्री के रूप में उन्होंने जनता के हितों को प्राथमिकता दी। उनका व्यक्तित्व और जनकल्याण के प्रति समर्पण आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा।
शंकरगढ़, चांदो और प्रतिमा स्थल के लिए बड़ी घोषणाएं
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने क्षेत्र के विकास को लेकर तीन महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने शंकरगढ़ स्थित बालक हायर सेकेंडरी स्कूल के जर्जर भवन के स्थान पर नए विद्यालय भवन के निर्माण की घोषणा की। इसके साथ ही चांदो में सामाजिक, सांस्कृतिक और सार्वजनिक कार्यक्रमों के आयोजन के लिए बड़े सामुदायिक भवन का निर्माण कराया जाएगा।
स्वर्गीय लरंग साय की स्मृतियों को चिरस्थायी बनाने के लिए उनकी प्रतिमा स्थल के पास भव्य स्मृति द्वार भी बनाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का संकल्प सरगुजा और बस्तर सहित प्रदेश के सभी क्षेत्रों का संतुलित एवं समग्र विकास करना है।
15 नवंबर से शुरू होगी धान खरीदी, 360 नए केंद्र खुलेंगे
मुख्यमंत्री ने किसानों के हित में जानकारी देते हुए कहा कि प्रदेश में आगामी 15 नवंबर से धान खरीदी शुरू होगी। इस वर्ष भी किसानों से 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ अधिकतम 21 क्विंटल धान खरीदा जाएगा।
किसानों को अपनी उपज बेचने में सुविधा देने के लिए प्रदेशभर में 360 नए धान खरीदी केंद्र शुरू किए जा रहे हैं। इससे किसानों को लंबी दूरी तय करने की परेशानी कम होगी और खरीदी केंद्रों पर भीड़ तथा लंबी कतारों से राहत मिलने की उम्मीद है।
गरीब परिवारों और विशेष पिछड़ी जनजातियों पर फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गरीब परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराने का काम तेजी से किया जा रहा है। प्रदेश में प्रतिदिन लगभग 1,600 प्रधानमंत्री आवासों का निर्माण हो रहा है। उन्होंने बताया कि बस्तर में आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों के पुनर्वास के लिए केंद्र सरकार से मांगे गए 15 हजार अतिरिक्त प्रधानमंत्री आवासों को भी स्वीकृति मिल गई है।
उन्होंने कहा कि पहाड़ी कोरवा, बिरहोर, कमार, बैगा और अबूझमाड़िया जैसे विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समुदायों के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत इन समुदायों के लिए लगभग 32 हजार आवास स्वीकृत किए गए हैं। बिजली, पेयजल, राशन कार्ड और अन्य बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए भी लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
तेंदूपत्ता संग्राहकों को अब 5,500 रुपये प्रति मानक बोरा
मुख्यमंत्री ने वनांचल में रहने वाले परिवारों की आय बढ़ाने के लिए सरकार की योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि तेंदूपत्ता संग्रहण की पारिश्रमिक दर 4,000 रुपये से बढ़ाकर 5,500 रुपये प्रति मानक बोरा कर दी गई है। तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए चरण पादुका योजना भी दोबारा शुरू की गई है।
इसके अलावा प्रदेश के साढ़े पांच लाख से अधिक भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को प्रतिवर्ष 10 हजार रुपये की एकमुश्त आर्थिक सहायता दी जा रही है। सरकार का उद्देश्य गरीबों, किसानों, श्रमिकों और वनांचल के परिवारों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
सुशासन और डिजिटल सेवाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रशासनिक व्यवस्था को पारदर्शी, जवाबदेह और नागरिक-केंद्रित बनाने के लिए काम कर रही है। मंत्रालय में ई-ऑफिस प्रणाली लागू की गई है और शासकीय सेवाओं को डिजिटल माध्यम से अधिक सुलभ बनाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के माध्यम से नागरिक अपनी समस्याएं और शिकायतें दर्ज करा सकते हैं। सरकार का प्रयास है कि शिकायतों का समयबद्ध निराकरण हो और लोगों को छोटे-छोटे कार्यों के लिए सरकारी कार्यालयों के बार-बार चक्कर न लगाने पड़ें।
कृषि मंत्री और प्रभारी मंत्री ने भी दी श्रद्धांजलि
कार्यक्रम में कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि स्वर्गीय लरंग साय का योगदान केवल सामरी क्षेत्र तक सीमित नहीं था, बल्कि पूरे सरगुजा अंचल के विकास में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में क्षेत्र में विकास कार्यों को नई गति मिल रही है।
महिला एवं बाल विकास मंत्री तथा जिले की प्रभारी मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने स्वर्गीय लरंग साय के व्यक्तित्व और कृतित्व को प्रेरणादायी बताया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं, किसानों, गरीबों और जनजातीय समाज के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
कार्यक्रम में विधायक उद्धेश्वरी पैकरा, जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के अध्यक्ष रामकिशुन सिंह, बब्रुवाहन महाराज, ओम प्रकाश जायसवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।



