छत्तीसगढ़

रायपुर में छात्रों का प्रदर्शन, छत्तीसगढ़ के शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग..

रायपुर। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को अपनी बड़ी जीत बताते हुए रविवार को राजधानी रायपुर में सैकड़ों छात्रों ने प्रदर्शन किया। आंबेडकर चौक पर जुटे छात्रों ने अब आंदोलन का रुख छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था की ओर मोड़ते हुए राज्य के शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के इस्तीफे की मांग की।

छात्रों का कहना है कि दिल्ली से शुरू हुआ आंदोलन अब छत्तीसगढ़ में दूसरे चरण में प्रवेश कर चुका है। यह प्रदर्शन जगदलपुर की 20 वर्षीय छात्रा हारिका राव नायडू की मौत के मामले में न्याय और प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर किया गया।

जानकारी के अनुसार, 16 जुलाई को जारी NEET री-एग्जाम के परिणाम में कम अंक आने के बाद हारिका राव ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली थी। यह उनका तीसरा प्रयास बताया जा रहा है। छात्र संगठनों ने इस मामले में सरकार से जवाबदेही तय करने और परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है।

तिरंगा और संविधान लेकर पहुंचे छात्र

प्रदर्शन के दौरान छात्रों के हाथों में तिरंगा और संविधान की प्रतियां थीं। कई छात्रों ने गुलाब के फूल और व्यंग्यात्मक तख्तियां लेकर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल भी तैनात रहा।

छात्र नेताओं ने आंदोलन को गैर-राजनीतिक बताते हुए इसके दूसरे चरण का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि अब आंदोलन का मुख्य फोकस छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं पर रहेगा।

इन मुद्दों को लेकर सरकार से जवाब मांगा

प्रदर्शनकारी छात्रों ने सरकारी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों, ऑनलाइन चीटिंग, स्कूलों के कुप्रबंधन और उच्च शिक्षा से जुड़ी समस्याओं को लेकर सरकार की जवाबदेही तय करने की मांग की।

छात्रों ने हारिका राव के परिवार के लिए उचित मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग भी रखी।

बिलासपुर समेत प्रदेश के अलग-अलग जिलों से पहुंचे छात्रों ने कहा कि जब तक शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार नहीं किए जाते और उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

Leave a Reply

Back to top button