बिलासपुर: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में इलाज में कथित लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां सरकंडा थाने में पदस्थ आरक्षक सत्या पाटले की ऑपरेशन के बाद मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों में भारी आक्रोश देखा गया और उन्होंने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
जानकारी के अनुसार, तिफरा पुलिस कॉलोनी निवासी आरक्षक को 28 अप्रैल को तबीयत खराब होने पर नेहरू नगर स्थित श्रीराम केयर हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों ने पथरी की समस्या बताते हुए ऑपरेशन किया।
परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद गुरुवार रात अचानक उनकी हालत बिगड़ने लगी और उन्हें लगातार उल्टियां हो रही थीं। इस दौरान ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ और डॉक्टरों को सूचना दी गई, लेकिन समय पर कोई नहीं पहुंचा। उचित इलाज न मिलने के कारण आरक्षक की हालत लगातार बिगड़ती गई और आखिरकार उन्होंने दम तोड़ दिया।
घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सिविल लाइन थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और जांच शुरू कर दी है।
फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद इलाके में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।



