नूंह
जिला उद्यान विभाग किसानों को परंपरागत खेती के साथ-साथ बागवानी अपनाने के लिए निरंतर प्रेरित कर रहा है। विभाग की विभिन्न योजनाओं के तहत किसानों को बाग लगाने के लिए अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे उनकी आय में वृद्धि हो तथा कृषि को अधिक लाभकारी बनाया जा सके।
जिला उद्यान अधिकारी डॉ. अब्दुल रज्जाक ने बताया कि वर्ष 2026-27 के दौरान जिले में लगभग 758 हेक्टेयर क्षेत्र में बाग लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। सरकार द्वारा बागवानी को बढ़ावा देने के लिए प्रति एकड़ 42 हजार रुपये तक का अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। यह सहायता राशि किसानों को प्रोत्साहन के रूप में प्रदान की जाती है
'मेरी फसल मेरा ब्यौरा' पोर्टल पर पंजीकरण कराना अनिवार्य
उन्होंने कहा कि किसान अपने खेतों में बाग लगाने के साथ-साथ अन्य फसलें भी उगा सकते हैं, जिससे उनकी आय के अतिरिक्त स्रोत विकसित होंगे। अब तक जिले में अमरूद, नींबू तथा आम सहित विभिन्न फलों के बाग लगाए जा चुके हैं।
डॉ. रज्जाक ने बताया कि बाग लगाने के इच्छुक किसानों के लिए ''मेरी फसल मेरा ब्यौरा'' पोर्टल पर पंजीकरण कराना अनिवार्य है। इसके बाद किसानों को विभाग द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार सरकार से अनुमोदित नर्सरियों से पौधे खरीदकर रोपण करना होगा। विभागीय दिशा-निर्देशों का पालन करने पर ही अनुदान राशि का लाभ मिलेगा।
उन्होंने बताया कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों की मिट्टी एवं पानी की गुणवत्ता बागवानी के लिए अनुकूल है। विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी समय-समय पर किसानों के खेतों का भ्रमण कर उन्हें पौधों की देखभाल, रोग प्रबंधन तथा आधुनिक बागवानी तकनीकों की जानकारी उपलब्ध कराते हैं। जो किसान बाग लगाना चाहते हैं, वे अपने संबंधित खंड उद्यान कार्यालय में संपर्क कर आवेदन जमा कर सकते हैं।



