संस्थापकों के मूल्यों और आदर्शों पर देश की एकता-अखंडता के लिए कार्य करता है भाजपा कार्यकर्ता
गोरखपुर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि समाज कांग्रेस, सपा, राजद, टीएमसी, डीएमके या ऐसे ही भ्रष्टाचार में डूबे अन्य दलों के आचरण को सम्मान नहीं देता है। भाजपा कार्यकर्ता को समाज में सम्मान इसलिए मिलता है कि इस पार्टी के कार्यकर्ता में राष्ट्रवाद और भारतीयता का आचरण मिलता। भाजपा का कार्यकर्ता पार्टी के संस्थापकों के मूल्यों और आदर्शों पर चलते हुए देश की एकता और अखंडता के लिए शुचिता और पारदर्शिता से आचरण और तदनुरूप कार्य करता है।
सीएम योगी रविवार को गोरखपुर के सहजनवा विधानसभा क्षेत्र स्थित तेनुआ टोल प्लाजा के समीप एक रिजॉर्ट में भाजपा के जिला प्रशिक्षण वर्ग के उद्घाटन सत्र को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान 2026 के अंतर्गत पार्टी की जिला इकाई की तरफ से आयोजित इस प्रशिक्षण वर्ग में शामिल प्रतिभागियों को ‘राष्ट्र प्रथम’ के भाव से अनवरत आगे बढ़ते रहने को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा, संस्कृति, सुशासन और समृद्धि को जोड़ने का काम करने वाली भाजपा एकलौती पार्टी है। केंद्र और भाजपा की राज्य सरकारों ने इसी को अपने कार्यक्रमों का आधार बनाया है।
भाजपा के लिए राष्ट्र प्रथम, दल द्वितीय
‘भाजपा का इतिहास और विकास’ विषय पर केंद्रित जिला प्रशिक्षण वर्ग के उद्घाटन सत्र में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि स्थापना के 50 वर्ष से भी कम समय में भाजपा ने दुनिया के सबसे बड़े राजनीतिक दल के रूप में केंद्र और देश के 22 राज्यों में राष्ट्रवाद की विचारधारा को लागू करने के अभियान को आगे बढ़ाया है। भाजपा देश ही नहीं दुनिया का एकमात्र राजनीतिक दल है जिसने हमेशा और मजबूती से यह घोषणा की है कि राष्ट्र प्रथम, दल द्वितीय और व्यक्ति का हित अंतिम होना चाहिए। सीएम योगी ने कहा कि राष्ट्र प्रथम के भाव से पार्टी के संस्थापकों ने जो मूल्य, आदर्श और संस्कार दिए हैं, उन्हीं का अनुसरण करते हुए कार्यकर्ता जब राष्ट्रवाद की बात करते हैं तो देश ही नहीं दुनिया के भारतवंशियों के सामने पार्टी के रूप में सिर्फ भाजपा का ही चेहरा और कमल का फूल चुनाव निशान सामने होता है।
संविधान ठीक से लागू भी नहीं हुआ कि कांग्रेस ने शुरू कर दिया तुष्टिकरण का खेल
सीएम योगी ने कहा कि 26 नवंबर 1949 को भारत का संविधान निर्मित हुआ और 26 जनवरी 1950 को भारत ने अपना संविधान अंगीकार किया। देश में संसदीय प्रणाली लागू हुई। पर, अभी पहला आम चुनाव भी नहीं हुआ कि कांग्रेस ने तुष्टिकरण के जिन कारणों से देश का विभाजन हुआ था, उसे ही फिर से भारत की राजनीति का हिस्सा बनाना प्रारंभ कर दिया। अभी संविधान ठीक ढंग से लागू होना प्रारंभ ही नहीं हुआ कि कांग्रेस ने तुष्टिकरण का खेल प्रारंभ किया। सीएम योगी ने कहा कि तब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को लगा कि एक ऐसा दल गठित करना चाहिए जो भारत की राष्ट्रीयता और बेहतर भविष्य के लिए कार्ययोजना बनाने में योगदान दे सके। तब भारत सरकार के मंत्री पद से इस्तीफा देकर देश के लिए लड़ने वाले, वीर बलिदानी, महान शिक्षाविद डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को भारतीय जनसंघ के संस्थापक अध्यक्ष के रूप में यह जिम्मेदारी दी गई।
डॉ. मुखर्जी ने कांग्रेस के संविधान विरोधी कृत्य के खिलाफ उठाई आवाज
मुख्यमंत्री ने कहा कि संविधान निर्माता बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के न चाहने के बावजूद कांग्रेस सरकार ने देश से विश्वासघात करते हुए कश्मीर में धारा 370 और परमिट सिस्टम लागू कर दिया। इसके खिलाफ सबसे पहले डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने आवाज उठाई। उस समय उन्होंने कहा था कि एक देश मे दो विधान, दो प्रधान, दो निशान नही चलेंगे। जब सरकार नहीं मानी तो वे इस अनैतिक, भारत विरोधी, संविधान विरोधी कृत्य का विरोध करने कश्मीर गए। कश्मीर में उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया और विश्वासघात कर जेल में उनकी हत्या करवा दी गई।
दीनदयाल उपाध्याय ने की अंतिम पायदान पर बैठे व्यक्ति की वकालत
मुख्यमंत्री ने कहा कि बलिदानों की यह परंपरा आगे बढ़ती है। डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बाद पंडित दीनदयाल उपाध्याय भारतीय जनसंघ के मूल्यों और आदर्शों को आगे बढ़ाने का गुरुतर दायित्व दिया गया। पंडित उपाध्याय एक ऐसे विचारक थे जिन्होंने अंतिम पायदान पर बैठे हुए व्यक्ति के लिए भी शासन की योजनाओं का लाभ देने की बात कही, उसकी वकालत की। पंडित उपाध्याय ने कहा था कि समृद्धि का आधार ऊंचे पायदान पर बैठा हुआ व्यक्ति नहीं हो सकता। समाज के अंतिम पायदान पर बैठे हुए व्यक्ति के चेहरे पर खुशहाली ही राष्ट्र की समृद्धि का आधार होना चाहिए। पंडित दीनदयाल उपाध्याय के साथ भी विश्वासघात हुआ और उनकी असमय मृत्यु हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि 1977 में जब पहली बार गैर कांग्रेसी सरकार का गठन हुआ तो उसका श्रेय पंडित दीनदयाल उपाध्याय को जाता है। सीएम ने कहा कि जनसंघ का प्रवेश जब अटल-आडवाणी युग में होता है तो देश में लोकतंत्र बचाने के लिए इसका विलय जनता पार्टी में कर दिया जाता है। जनता पार्टी सरकार का प्रयोग पूरी तरह सफल नहीं हो पाया तो उसके अनेक कारण थे।
पीएम मोदी के नेतृत्व में साकार हुए पार्टी संस्थापकों के विचार
मुख्यमंत्री ने कहा कि 6 अप्रैल 1980 को भारतीय जनता पार्टी का गठन श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी जी के नेतृत्व में होता है। गठन के उपरांत 1985 के संसदीय चुनाव में भाजपा के मात्र दो सांसद जीते थे। आज देश ही नहीं दुनिया के सबसे बड़े राजनीतिक दल के रूप में भाजपा का उदय दुनिया के अंदर कहीं और नहीं देखने को मिला है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनसंघ और भारतीय जनता पार्टी के संस्थापकों ने स्थापना काल में जो कुछ सोचा था, पिछले 11 वर्ष के अंदर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वह सब कुछ साकार हुआ है।
अध्यक्ष, सीएम और पीएम तक बन सकता है भाजपा कार्यकर्ता
सीएम योगी ने कहा कि लोकतंत्र मजबूत होना चाहिए। परिवारवाद, क्षेत्रवाद, मत और मजहब से ऊपर उठकर हमें देश के बारे में सोचना चाहिए। भाजपा यही करती है। उन्होंने कहा कि अकेले भाजपा ही ऐसी पार्टी है जिसमें एक बूथ का अध्यक्ष भी एक समय पार्टी का प्रदेश और देश का अध्यक्ष भी बन सकता है। प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री भी बन सकता है, यह केवल भारतीय जनता पार्टी में संभव है। कारण, यहां पर परिवार नहीं बल्कि पार्टी और कार्यकर्ता मायने रखता है।
राम मंदिर निर्माण से हुआ नए युग का सूत्रपात
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब भारतीय जनता पार्टी ने 1986 में यह तय किया था कि देश के अंदर सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की स्थापना के लिए अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि पर भगवान राम के भव्य मंदिर के निर्माण को हम अपना समर्थन देते हैं। भाजपा की डबल इंजन की सरकार बनी तो अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण हो गया। राम मंदिर का निर्माण, एक नए युग का सूत्रपात है, यह राष्ट्र मंदिर है। उन दबी-कुचली सभ्यता और संस्कृति के लोगों के लिए एक नई आशा है जिन्हें दुनिया के अंदर दबाया गया, आक्रांताओं ने जिनकी संस्कृति को रौंदा था। उन्होंने कहा कि भारत अगर 500 वर्षों के बाद इस सपने को साकार कर सकता है तो कोई कारण नहीं दुनिया की अन्य दबी-कुचली जातियां अपने उस लक्ष्य को प्राप्त न कर लें। भारत ने नई आशा का दीप जलाया है, आस्था का सम्मान किया है।
बूथ पर छिपी होती है असली ताकत, वही चुनाव का केंद्र बिंदु
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यकर्ताओं को उत्साहित करते हुए कहा कि हमारी असली ताकत छुपी होती है हमारे बूथ पर। बूथ, चुनाव का केंद्र बिंदु होता है। हमें बूथ पर सतत शक्तिशाली संरचना तैयार करनी होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी एक बात बार-बार कहते हैं कि बूथ जीता तो चुनाव जीता। हमारा केंद्र बिंदु हमारा बूथ होना चाहिए और उस बूथ की ताकत का एहसास कराने के लिए हम सब इस प्रशिक्षण के साथ ही लगातार उस अभियान का हिस्सा बनें, जो असली कुरुक्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी को विजयश्री दिलाने की ओर अग्रसर हो सके।
जिला प्रशिक्षण वर्ग के उद्घाटन सत्र में मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए भाजपा के जिलाध्यक्ष जनार्दन तिवारी ने कहा कि सीएम योगी ने उत्तर प्रदेश में मजबूत कानून व्यवस्था और अभूतपूर्व विकास से सुशासन का नया मॉडल दिया है। आभार ज्ञापन वर्ग के सर्व व्यवस्था प्रमुख एवं सहजनवा के विधायक प्रदीप शुक्ल और संचालन प्रशिक्षण वर्ग संयोजक एवं पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य डॉ. आरडी सिंह ने किया। इस अवसर पर केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री एवं बांसगांव के सांसद कमलेश पासवान, सांसद रविकिशन शुक्ल, जिला पंचायत अध्यक्ष साधना सिंह, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष सहजानंद राय, जिला प्रशिक्षण वर्ग प्रभारी एवं पूर्व मंत्री डॉ. सतीश द्विवेदी सहित विधायकगण, ब्लॉक प्रमुख, नगर पंचायत अध्यक्ष, जिला इकाई के पदाधिकारी और प्रशिक्षण वर्ग के अन्य प्रतिभागी उपस्थित रहे।
विकास प्रदर्शनी का मुख्यमंत्री ने किया उद्घाटन
जिला प्रशिक्षण वर्ग में शामिल होने से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम स्थल पर लगाई गई विकास प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया। इस प्रदर्शनी में केंद्र और प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकासपरक उपलब्धियां और गोरखपुर के विकास को प्रदर्शित किया गया है।



