कोंडागांव। छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए तहसीलदार के रीडर को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद तहसील कार्यालय में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार, फरसगांव तहसील क्षेत्र के ग्राम पाटला निवासी बिसुलाल नेताम ने एसीबी बस्तर से शिकायत की थी कि नामांतरण प्रकरण में अपने पिता और बुआ का नाम दर्ज कराने के लिए तहसील कार्यालय जाने पर तहसीलदार के रीडर मुकेश रंगारी ने काम कराने के बदले 35 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
शिकायतकर्ता ने बताया कि वह पहले ही दो किस्तों में रकम दे चुका था, लेकिन तीसरी किस्त देने के बजाय उसने एसीबी से संपर्क कर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई। शिकायत का सत्यापन करने के बाद एसीबी ने ट्रैप की योजना बनाई।
मंगलवार को जैसे ही शिकायतकर्ता ने तीसरी किस्त के रूप में 10 हजार रुपये आरोपी को दिए, एसीबी की टीम ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। कार्रवाई के दौरान रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली गई।
एसीबी ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में आरोपी से पूछताछ जारी है। इस कार्रवाई के बाद तहसील कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल देखने को मिला।



