रायपुर, 04 नवंबर 2026। गुजरात के एकता नगर में आयोजित राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ाने वाले पुलिस अधिकारियों से उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने जवानों के अदम्य साहस, अनुशासन और शानदार प्रदर्शन की सराहना करते हुए उन्हें बधाई दी। मुलाकात के दौरान जवानों ने एकता नगर में परेड के अपने यादगार अनुभव भी साझा किए। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों के साथ भोजन भी किया।
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में छत्तीसगढ़ के जवानों की भागीदारी पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने बताया कि उन्होंने स्वयं परेड का सीधा प्रसारण देखा था। जब छत्तीसगढ़ के जवान पूरे आत्मविश्वास और अनुशासन के साथ कदम से कदम मिलाकर मार्च कर रहे थे, तब वह दृश्य बेहद गौरवपूर्ण और भावुक करने वाला था।
बस्तर की महिला कमांडो ने बढ़ाया प्रदेश का मान
विजय शर्मा ने बस्तर फाइटर्स की महिला कमांडो के प्रदर्शन की विशेष रूप से प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि जिस आत्मविश्वास, जोश और दृढ़ता के साथ बस्तर की बेटियों ने परेड में हिस्सा लिया, उसने पूरे देश को बस्तर की नारी शक्ति का एहसास कराया।
उन्होंने कहा कि कभी नक्सल हिंसा और भय के लिए पहचाने जाने वाले क्षेत्रों की बेटियां आज राष्ट्रीय मंच पर अपने साहस और सामर्थ्य का प्रदर्शन कर रही हैं। यह बदलते बस्तर की सबसे प्रेरणादायक तस्वीर है।
जवानों ने साझा किए एकता नगर के अनुभव
मुलाकात के दौरान अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रीय एकता दिवस परेड के लिए उन्होंने लंबे समय तक कठिन अभ्यास और मेहनत की थी। देश के विभिन्न सुरक्षा बलों के साथ एक ही मंच पर प्रदर्शन करना उनके लिए अविस्मरणीय अनुभव रहा। उन्होंने एकता नगर की भव्यता, सुंदरता और बेहतर व्यवस्थाओं की भी सराहना की।
जवानों ने कहा कि पूरे देश के सामने छत्तीसगढ़ पुलिस और बस्तर के सुरक्षा बलों के योगदान को प्रस्तुत करना उनके लिए गर्व का क्षण था। उन्होंने नक्सलवाद के खिलाफ वर्षों तक चले संघर्ष, साथियों के बलिदान और बस्तर में स्थापित हो रही शांति की कहानी को राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत किया।
नक्सलवाद के खिलाफ संघर्ष और बदलते बस्तर की दिखाई तस्वीर
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ के सुरक्षा बलों ने कठिन परिस्थितियों में साहस, समर्पण और बलिदान के साथ नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई लड़ी है। आज उसी संघर्ष और सफलता की कहानी राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत होना प्रदेश के लिए गौरव की बात है।
उन्होंने कहा कि बस्तर अब भय और हिंसा के अतीत से निकलकर शांति, विश्वास और विकास की नई दिशा में आगे बढ़ रहा है। इस परिवर्तन में सुरक्षा बलों की भूमिका हमेशा याद रखी जाएगी।
इन पुलिस अधिकारियों ने निभाई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी
राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में डीएसपी बृज किशोर यादव ने संपूर्ण परेड के द्वितीय कमान अधिकारी की जिम्मेदारी निभाई। वे वर्तमान में बीजापुर जिले के कुटरू में एसडीओपी के पद पर पदस्थ हैं। डीएसपी जितेंद्र कुम्भकार ने आरक्षित टू-आईसी की जिम्मेदारी संभाली। वे सुकमा जिले के कोंटा में एसडीओपी हैं।
इसी तरह डीएसपी कुलदीप बंजारे ने डीआरजी की पुरुष टुकड़ी का नेतृत्व किया, जबकि शरद जायसवाल आरक्षित कमांडर रहे। डीएसपी अमृता पैकरा ने डीआरजी एवं बस्तर फाइटर्स की महिला टुकड़ी का नेतृत्व किया। कविता ध्रुवे महिला टुकड़ी की आरक्षित कमांडर रहीं। वहीं डीएसपी प्रवीण भारती एसटीएफ टुकड़ी के आरक्षित अधिकारी रहे।
अंत में उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने सभी अधिकारियों के समर्पण, कठिन परिश्रम और उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि जवानों का साहस और अनुशासन प्रदेश के अन्य पुलिसकर्मियों और युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है।



