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केतन अग्रवाल मर्डर केस: पुलिस घेरे में सिया गोयल का कथित ‘मिडिल फिंगर’ इशारा, VIDEO वायरल

पुणे 
पुणे में अपने ही मंगेतर की बेरहमी से हत्या की साजिश रचने वाली सिया गोयल को अपने किए का जरा भी अफसोस नहीं है। यह बातें लोग सिया गोयल के हाल ही में सामने आए वीडियो को देख कर कह रहे हैं। सिया गोयल ने पुलिस की कस्टडी में ही कैमरे की तरफ एक भद्दा और अश्लील इशारा किया है। वीडियो में सिया गोयल पुलिस घेरे के बीच ही ‘मिडिल फिंगर’ दिखाती नजर आ रही है। इससे जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और लोग उसकी इस हरकत को देख दंग रह गए हैं।

गौरतलब है कि बीते 18 जून को सिया गोयल ने अपने प्रेमी चेतन चौधरी संग मिलकर पुणे के रियल एस्टेट कारोबारी केतन विशाल अग्रवाल को 400 फीट गहरी खाई में धक्का देकर मार डाला। सिया और केतन की इसी साल फरवरी में सगाई हुई थी और दोनों की शादी नवंबर में तय हुई थी। लेकिन इससे पहले ही सिया गोयल ने साजिश रची। सिया ने जांच के दौरान अपना जुर्म कबूल लिया है और कहा है कि वह केतन से शादी नहीं करना चाहती थी और इसीलिए उसे रास्ते से हटाने के लिए चेतन संग मिलकर मार डाला। फिलहाल दोनों पुलिस कस्टडी में हैं। इस दौरान ही सिया ने कैमरे की तरफ यह अश्लील इशारा किया।

वीडियो में क्या?
जानकारी के मुताबिक जब पुणे पुलिस सिया को उसके मार्केट यार्ड स्थित घर से जांच के बाद बाहर ला रही थी, तब उसने वहां तैनात कैमरों को देखकर मिडिल फिंगर दिखाई। 12 सेकेंड की इस वीडियो में सिया काले रंग की टी-शर्ट में दिखाई देती है। वहीं उसका चेहरा स्कार्फ से ढका हुआ था। पुलिस उसे घर की सीढ़ियों से नीचे लेकर आ रही होती है। जैसे ही सिया घर से बाहर निकलती है और कैमरों को देखती है, वह अश्लील इशारा करती है।

वीडियो को देख लोग हैरान रह गए हैं। कुछ लोगों का कहना है कि सिया गोयल की उम्र के साथ साथ हरकतें भी बच्चों वाली है। वहीं कुछ लोग उसकी हिम्मत को देखकर दंग रह गए हैं। एक यूजर ने लिखा, “इसकी हिम्मत को देखो। बिल्कुल पछतावा नहीं है।” वहीं एक अन्य यूजर ने लिखा, “सिया को सच में कुछ मानसिक परेशानी है। चाहे वो चेतन हो या केतन, उन्हें एक दिन मुसीबत में पड़ना ही था। हैरानी इस बात की है कि केतन के परिवार को ये पहले क्यों नहीं दिखा।”

जांच जारी
इस बीच पुलिस की जांच जारी है। पुलिस ने गुरुवार को लोहगढ़ किले के पहाड़ी इलाके के आसपास की जांच की है और सभी जगहों को मार्क भी किया है। जांच के तहत सिया गोयल को भी दोबारा किले पर ले जाया गया। सबूत के तौर पर पुलिस ने सिया के उन कपड़ों को भी जब्त कर लिया है जो उसने घटना के दिन पहने थे। इस बीच आगे की जांच के लिए पुलिस ने लोनावला में सिया गोयल के घर भी गई। जानकारी के मुताबिक हत्या की कड़ियों को जोड़ने वाले सबूत तलाशने के लिए उसके कमरे की तलाशी ली गई।

सिया गोयल का होगा लाई डिटेक्टर टेस्ट
इस बीच इस बात का खुलासा अब तक नहीं हो पाया है कि सिया गोयल और चेतन चौधरी में से केतन को धक्का किसने दिया। खबर है कि इसका पता लगाने के लिए अब पुलिस दोनों का झूठ पकड़ने वाला परीक्षण यानी लाई डिटेक्टर टेस्ट कराने की भी तैयारी कर रही है। पूछताछ के दौरान पुलिस को उनके बयानों में गड़बड़ी का आभास हुआ है और इस कारण ही दोनों की साइंटिफिक टेस्टिंग कराने का फैसला लिया गया है।

'ऐसा मत करो' की सलाह देने का दावा
सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में यह भी सामने आया है कि युवक ने दोनों को  योजना पर आगे नहीं बढ़ने की सलाह दी थी. जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि उसे योजना की कितनी जानकारी थी और घटना के बाद उसकी आरोपियों से क्या बातचीत हुई. सूत्रों का यह भी कहना है कि केतन की मौत के बाद चेतन सबसे पहले इसी युवक से मिला था. वहीं सिया ने भी उससे संपर्क किया था. पुलिस इन दावों की पुष्टि के लिए कॉल रिकॉर्ड, डिजिटल चैट और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का मिलान कर रही है। 

रिहर्सल वाले स्थान पर पहुंची पुलिस
पुणे ग्रामीण पुलिस गुरुवार सुबह सिया गोयल को उस स्थान पर लेकर गई, जहां पुलिस के अनुसार उसने और चेतन ने कथित तौर पर पहले से अभ्यास किया था कि लोहागढ़ किले पर किसी व्यक्ति को चट्टान से कैसे धक्का दिया जा सकता है. पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, यह स्थान पुणे के लुल्लानगर इलाके में एक क्लब के पास स्थित है. जांच के दौरान सिया ने उस जगह की पहचान की, जहां कथित तौर पर यह रिहर्सल हुई थी. पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह कथित रिहर्सल मई महीने में किस तारीख को हुई थी और उस समय वहां कौन-कौन मौजूद था। 

पॉलीग्राफ टेस्ट के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाया 
जांच को आगे बढ़ाने के लिए पुणे ग्रामीण पुलिस ने वडगांव मावल अदालत में सिया गोयल और चेतन चौधरी का पॉलीग्राफ टेस्ट कराने की अनुमति मांगी है. पुलिस का कहना है कि अदालत की प्रक्रिया पूरी होने और आरोपियों की सहमति मिलने के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी. पॉलीग्राफ टेस्ट के जरिए जांच एजेंसियां पूछताछ के दौरान दिए गए बयानों और उपलब्ध साक्ष्यों के बीच सामंजस्य की जांच करना चाहती हैं। 

पुलिस ने सिया के पुणे स्थित घर की तलाशी के दौरान वे कपड़े भी बरामद किए हैं, जिन्हें पुलिस के अनुसार उसने 18 जून को पहना था. इन कपड़ों को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा ताकि उपलब्ध अन्य सबूतों से उनका मिलान किया जा सके. जांच अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में बड़ी मात्रा में तकनीकी और डिजिटल साक्ष्य जुटाए गए हैं. इनमें मोबाइल फोन का डेटा, लोकेशन, कॉल डिटेल, चैट और अन्य इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड शामिल हैं. इन सभी की फोरेंसिक जांच की जा रही है ताकि घटनाक्रम की सटीक टाइमलाइन तैयार की जा सके। 

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